अररिया में बढ़ती महंगाई और गैस-पेट्रोल की किल्लत को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। जिला कांग्रेस अध्यक्ष मोहम्मद मासूम रेजा के नेतृत्व में निकाली गई ‘जन आक्रोश रैली’ में बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने भाग लिया और केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन कर अपना विरोध जताया।

राज्यव्यापी अभियान के तहत आयोजन
यह प्रदर्शन बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर चलाए जा रहे राज्यव्यापी अभियान का हिस्सा था। इस अभियान का नेतृत्व प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम कर रहे हैं, जिसका उद्देश्य बढ़ती महंगाई के खिलाफ जनजागरूकता फैलाना और सरकार पर दबाव बनाना है।

रैली में उठी महंगाई और किल्लत की आवाज
रैली को संबोधित करते हुए मोहम्मद मासूम रेजा ने कहा कि महंगाई ने आम जनता की कमर तोड़ दी है। उन्होंने बताया कि गैस सिलेंडर के लिए लोगों को लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ रहा है, जबकि पेट्रोल पंपों पर भी भारी भीड़ देखने को मिल रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि सरकार के अनुसार सभी आवश्यक वस्तुएं पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं, तो आम लोगों को इतनी परेशानी क्यों हो रही है।

आम आदमी की रसोई पर असर
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि महंगाई का सबसे अधिक प्रभाव आम आदमी की रसोई पर पड़ा है। घरेलू गैस की कमी से विशेष रूप से महिलाओं को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों ने परिवहन खर्च बढ़ा दिया है, जिससे दैनिक जीवन और अधिक महंगा हो गया है।

नारेबाजी और सरकार पर आरोप
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने “महंगाई मुर्दाबाद”, “गैस किल्लत बंद करो” और “मोदी सरकार जवाब दो” जैसे नारे लगाए। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की नीतियां आम जनता के हित में नहीं हैं और सरकार महंगाई को नियंत्रित करने में विफल रही है।
आगे आंदोलन तेज करने के संकेत
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही महंगाई पर नियंत्रण नहीं पाया गया और गैस-पेट्रोल की उपलब्धता सुनिश्चित नहीं की गई, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
इस विरोध प्रदर्शन से शहर का राजनीतिक माहौल गरमा गया और प्रशासन ने एहतियात के तौर पर सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी कर दी।
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